ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट 2019 में भारत का स्थान 77वां

What is Ease of doing buisness ? ईज आफ डूइंग बिजनेस क्या है ? Ease of doing buisness Report किस संस्था द्वारा तैयार किया जाता है ? Ease of doing buisness Report 2019 में भारत का स्थान क्या है ?

Ease of doing buisness यानी व्यापार अथवा कारोबार सहूलियत रिपोर्ट [Report] World Bank [ विश्व बैंक ] द्वारा तैयार किया जाने वाला एक वार्षिक रिपोर्ट है. विश्व बैंक द्वारा यह Report 10 संकेतकों के आधार पर सभी देशों के प्रदर्शन का आकलन करते हुए प्रत्येक वर्ष जारी किया जाता है. World Bank द्वारा तैयार किए जाने वाले Ease of doing buisness Report से यह पता चलता है कि किसी देश में व्यवसाय शुरू करने की प्रक्रिया [ Process ] कितना सरल है. वर्ल्ड बैंक द्वारा कारोबार सहजता संबंधी यह रिपोर्ट तैयार किए जाने में जिन 10 संकेतकों के आधार पर किसी देश की Ranking तय की जाती है, वो निम्नलिखित हैं :
1. अनुबंध लागू करना
2. बिजली कनेक्शन [ Electricity connection ] लेने में वक्त
3. संपत्ति पंजीकरण
4. कारोबार शुरू करना
5. कर्ज लेने में वक्त
6. दिवालिया संबंधी मामलों का निपटान
7. निर्माण संबंधी प्रमाणपत्र [ Construction Permit ]
8. सीमा पार व्यापार
9. आंशिक शेयरधारकों [ Shareholders ] के हितों की रक्षा
10. करों का भुगतान

World Bank Ease of doing business Report 2019 में भारत ने अपनी Ranking में 23 स्थानों की लंबी छलांग लगाते हुए 77वां स्थान प्राप्त किया है. उल्लेखनीय है कि Ease of doing buisness report 2018 में भारत का Overall Rank 100 था, जबकि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट 2019 में भारत का स्थान 190 देशों की सूची में 77वां है. भारत में कारोबार सहजता के मामले में हुए इस सुधार से दुनिया भर के निवेशकों के मध्य एक सकारात्मक संदेश जाने की उम्मीद है और इस प्रकार भारत में निवेश को बढ़ावा मिलेगा.

World Bank द्वारा जारी Ease of doing buisness Report 2019 में न्यूजीलैंड [New Zealand] को पहला स्थान, सिंगापुर [Singapore] को दूसरा स्थान, डेनमार्क [Denmark] को तीसरा एवं हांगकांग [Hong Kong] को चौथा स्थान प्राप्त हुआ है. इस सूची में अमेरिका आठवें स्थान पर, जबकि भारत के पड़ोसी देश चीन [China] 46वें और पाकिस्तान 136वें स्थान पर हैं.

वर्ल्ड बैंक द्वारा जारी इस नवीनतम ईज आफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट में 10 मानकों में से छह में भारत की रैंकिंग में सुधार हुआ है. वहीं 4 ऐसे भी मानक हैं जिनमें अपेक्षित सुधार होना अभी बाकी है. सबसे अधिक 129 अंक का सुधार Construction Permit यानी निर्माण प्रमाणपत्र के पैमाने पर हुआ है और भारत 181वें स्थान से 52वें स्थान पर पहुँच गया है. देश में कारोबार शुरू करने के लिहाज से भी 19 अंकों का सुधार आया है और इस मानक विशेष पर भारत 137वें स्थान पर आ गया है. इसी प्रकार सीमा पार व्यापार में 66 अंकों का सुधार आया है.

आइए, डालते हैं एक नजर World Bank Ease of doing business Report 2019 के 10 संकेतकों और इन संकेतकों पर भारत के स्थान पर.
[संकेतक]                   [भारत का स्थान 
                                       2018/2019]
1. बिजली कनेक्शन पाना            29/24
2. अनुबंध लागू करना               164/163
3. व्यवसाय शुरू करना               156/137
4. निर्माण प्रमाणपत्र                   181/52
5. कर्ज लेने की सुलभता               29/22
6. संपत्ति पंजीकरण                  154/166
7. सीमापार कारोबार                146/80
8. कर भुगतान                          119/121
9. अल्पसंख्यक निवेशकों के हित    4/7
10. दिवालिया संबंधी मामलों
                     का निपटान          103/108
.........................................................
Overall Rank                           100/77
.........................................................

इस प्रकार, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रिपोर्ट 2019 में भारत का स्थान कुछ मामलों में सुधरा है, जबकि कुछ ऐसे भी मानक हैं जहां व्यापक सुधार की दरकार है. World Bank Ease of doing business Report 2019 यह दर्शाता है कि संपत्ति पंजीकरण के मानक पर व्यापक सुधार की जरूरत है. इस मानक पर भारत अब 166वें पायदान पर फिसल गया है, जबकि 2018 में भारत इस मानक पर 154वें स्थान पर था. इसी प्रकार, दिवालिया संबंधी मामलों के निपटान में सुधार अपेक्षित है.

टिप्पणी पोस्ट करें

0 टिप्पणियां